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टीम अन्ना की राजनीति खटाई में?

अन्ना हज़ारे ने टीम अन्ना को भंग करने की घोषणा कर दी है.उनका कहना है कि टीम का गठन जनलोकपाल के लिए किया गया था.

इससे पहले वो कह चुके हैं कि न वो ख़ुद राजनीतिक पार्टी का गठन करेंगे और न ही चुनाव लड़ेंगे.

अपना अनशन समाप्त करते हुए अन्ना हज़ारे ने राजनीति में जाने के फ़ैसले की घोषणा की थी और टीम अन्ना ने यही दोहराया था.उनके इस फ़ैसले का राजनीतिक दलों ने तो स्वागत किया था लेकिन मेधा पाटकर सहित कई सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया था.

क्या अन्ना हज़ारे राजनीति में जाने से पहले ही पीछे हट गए हैं?क्या अन्ना हज़ारे की नई घोषणा टीम अन्ना की राजनीति में हिस्सा लेने की योजना पर तुषारापात है?

क्या टीम अन्ना की राजनीति खटाई में पड़ गई है.

आप क्या सोचते हैं, अपनी राय हमें लिख भेजिए.

प्रकाशित: 8/6/12 10:33 AM GMT

टिप्पणियाँ

टिप्पणियों की संख्या:22

सभी टिप्पणियाँ जैसे जैसे वो आती रहती हैं

Added: 8/8/12 12:07 PM GMT

इतिहास गवाह है कि किसी अच्छे काम कि शुरूआत में लोग आपकी काबिलिय़त पर,नियत पर,संभावित परिणाम (सफलता व असफलता) पर सवाल उठाते हैं,परंतु बुलंद इरादे वाले आगे बढते हैं मन में उत्साह लिए. आज देश को ज़रूरत है इमानदार,जुझारू,पढ़ेलिखे सांसदों की,और आज मीडिया का रूख इतना नकारात्मक क्यों है?सही को सही, गलत को गलत कहिए साहब. बीबीसी को टीआरपी की चिंता करने वाले टीवी न्यूज़ चैनल की तरह काम नहीं करना चाहिए,यह बीबीसी की संस्कृति नहीं है.

Aalok kumar jha delhi

Added: 8/7/12 8:28 AM GMT

अन्ना ने बहुत अच्छा किया जो राजनीति में आया इस करण ही खत्म हो गया.

singh lakhvinder italy

Added: 8/7/12 8:12 AM GMT

बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है भारत के लिए, एक नए भआरत के लिए.इससे उस निराऱा को और बल मिलेगा जिसमें ये समझा जाता है कि राजनीति साफ छवि और विचारधारा के लिए नहीं है.

Nitin Garg Hyderabad

Added: 8/7/12 6:02 AM GMT

बेहतर रहेगा बीबीसी पर अन्ना हजारे का अध्याय समाप्त कर अपना समय किसी सार्थक मुद्दे पर लगाए.अन्ना की इच्छा शक्ति इतनी कमजोर होगी यह कभी सपने मे भी नही सोचा था।सलाम करता हूं उन लोगो को जिन्होंने बिना अपनी जान के परवाह किए अग्रेंजो से लोहा लिया।.

SHABBIR KHANNA RIYADH ( SAUDIA ARABIA )

Added: 8/7/12 4:40 AM GMT

अन्ना हजारे ने टीम अन्ना को भंग कर यह संदेश दिया है कि अब राजनीति में आने के लिए कुछ लोगों की टीम से काम नहीं चलेगा। अन्ना हजारे चाहते हैं कि राजनीति में जाने से पहले टीम का विस्तार किया जाए। पांच-सात लोगों की टीम से पूरे देश में चुनाव लड़ना ना-मुमकिन है। यही वजह है कि अन्ना हजारे ने टीम अन्ना को भंग कर पूरी ताकत से राजनीति में कूदने का प्लान तैयार किया है

Dr.K.R.GODARA jodhpur, rajasthan

Added: 8/7/12 3:52 AM GMT

अन्ना साफ सफाई और शुद्ध आचरण की बात करते हैं जिस चीज का राजनीति के साथ दूर-दूर तक कोई नाता नहीं है.

Bheemal Dildar Nagar Mumbai

Added: 8/7/12 3:47 AM GMT

अन्ना जी का फैसला बताता है कि वो कितने दुखी है.आम आदमी का ये धरणा हिंदुस्तान का कुछ नहीं कर सकता.

Ravi Naithani Muscat

Added: 8/7/12 3:04 AM GMT

एक अकेले अन्ना के अच्छे होने से क्या होता है ...आसपास के साथी तो वहीं हैं,सरकार से बाहर रह कर सरकार के भीतर वालों जैसे ..

sanjeev thakur raipur chattisgarh

Added: 8/7/12 2:34 AM GMT

अन्ना ने सही किया.उनकी विश्वसनियता एक समाजिक कार्यकर्ता की है और यही कारण है कि पूरे देश ने उनका साथ दिया.जैसे जैसे उनकी टीम का अलग सुर और अलग राग लोगों को सुनाई देने लगा और धीरे-धीरे लोगों का जुड़ाव भी कम होने लगा.

ajitabh sinha Khagaria

Added: 8/7/12 1:28 AM GMT

अन्ना राजनेता बनने के लिए बने हैं लेकिन उनकी टीम के हमेशा से ही राजनीतिक सपने रहे हैं.ये अच्छी बात है कि वे राजनीति से पीछे हट गए.

Opee sharma Ghaziabad

Added: 8/6/12 9:43 PM GMT

जब तक अन्ना हजारे समाज सुधारक की हैसियत से भारत में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ़ आवाज़ उठाते रहे, भारत की आम जनता उनके साथ जुड़ती चली जा रही थी. समाज- सुधार का राजनीतिकरण करना ऐसा ही है जैसे स्वयं भी भ्रषटाचार की जमात में शामिल हो जाना. इसलिए मैं सोचता हूँ कि अन्नाजी को पहले की तरह ही सिर्फ भ्रष्टाचार के विरुद्ध आन्दोलन जारी रखना चाहिए| भारत से भ्रष्टाचार दूर हो जाएगा तो भारत निश्चय ही प्रगति कर विश्व के शीर्षस्थ देशों में से एक होने का गौरव हासिल कर सकेगा.

SUBHASH SHARMA Monterey . C A

Added: 8/6/12 6:52 PM GMT

जन-आन्दोलन का आगाज करना तो आसान है परन्तु उसे अंजाम तक पहुचाना अत्यंत कठिन काम है, इसके लिए लोकनायक जयप्रकाश की तरह संत की आवश्यकता है. अन्ना आन्दोलन के माध्यम से अन्ना टीम ने सिर्फ और सिर्फ अपने लिए प्लेटफार्म तैयार किया है जिसके माध्यम से वह संसद तक पहुंच सके. अन्ना हजारे ने अपनी टीम को भंग किया है परन्तु उन्हें चाहिए कि वे खुद को ऐसे अन्ना टीम से सदा के लिए अलग कर लें.

शशि भूषण सिंह, सिताब दियारा, सारण, बिहार.

Added: 8/6/12 5:46 PM GMT

मैं मानता हूँ कि टीम अन्ना द्वारा कुछ निर्णय पूरी समझदारी से नहीं लिए गए मानवीय स्वभाव के कारण ऐसी गलतियाँ हो सकती है.फिर अन्ना ने राजनैतिक विकल्प देने की बात की थी न कि स्पष्टतया पार्टी की,ये भविष्य के गर्भ का प्रश्न था कि ये क्या होगा? लेकिन मीडिया और कुछ बुद्धिजीवियों द्वारा जिस प्रकार बाल की खाल निकालने बाली आलोचना की जा रही उसमें अब बीबीसी भी शामिल हो गया है.

अमित भारतीय जालौन (उo प्रo) भारत

Added: 8/6/12 5:44 PM GMT

काफी समय लगा अन्ना जी को अपने टीम को समझने में......

Rampal new Delhi

Added: 8/6/12 5:32 PM GMT

अन्ना यदि राजनीतिक दल में कोई पद नहीं लेते है और चुनाव नहीं लड़ते है तब भी वो राजनीतिक बयान देकर अपने कर्तव्यों का मार्गदर्शन करते रहेंगे.

avanindra tiwari Kashipur

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